दुमका में बनेगा मड हाउस  


    मुख्यमंत्री रघुवर दास ने कहा कि दुमका में मड हाउस बनेगा। इसके निर्माण के लिए CSR फंड से ढाई से तीन करोड़ रुपए दिए जाएंगे। मड हाउस का एक कॉम्प्लेक्स बनेगा, जिसमें मिट्टी के आवास, कॉन्फ्रेंस हॉल, कैफेटेरिया इत्यादि बनाए जाएंगे। उन्होंने कहा कि यह हाउस अंतर्राष्ट्रीय मानक स्तर पर बनाए जाए, ताकि अधिक से अधिक पर्यटक आएं और ग्रामीण परिवेश में नैसर्गिक रूप से रहने का आनंद ले सकें। मुख्यमंत्री ने ये बातें मंगलवार को दुमका के मसानजोर में जिलास्तरीय विकास योजनाओं की समीक्षा करते हुए कही। वहीं, दुमका के डीसी श्री मुकेश कुमार ने एक प्रेजेंटेशन के माध्यम से प्रस्तावित मड हाउस की रूपरेखा रखी।

    मुख्यमंत्री ने मसानजोर बोट क्लब टूरिस्ट कॉम्प्लेक्स को अंतरराष्ट्रीय स्तर का पर्यटक स्थल बनाए जाने के लिए प्रस्ताव देने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि इसकी लाइटिंग इस प्रकार हो ताकि रात्रि में भव्य दिखाई दे। राज्य एवं देश स्तर पर इसकी ब्रांडिंग भी हो ताकि अधिक से अधिक पर्यटक मसानजोर पहुंच सकें। साथ ही पूरी परिसर की नियमित साफ-सफाई की व्यवस्था हो। मुख्यमंत्री ने इसे प्रोफेशनल तरीके से चलाने का निर्देश दिया।

    मिशन मोड में पूरा हो हर काम

    मुख्यमंत्री ने मिशन मोड में बिरसा आवास और अंबेडकर आवास बनाए जाने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि जिले में बनाए जा रहे 900 बिरसा आवास को फरवरी महीने तक गुणवत्ता के साथ पूरा करें। इसके लिए सखी मंडल को जिम्मेदारी सौंपी जा सकती है। सखी मंडल को बिरसा आवास बनाए जाने पर प्रत्येक आवास के लिए 1000 रुपए का इन्सेंटिव भी दिया जा सकता है। मुख्यमंत्री ने विधवा महिलाओं के लिए जिले में बनाए जा रहे 1700 अंबेडकर आवास को समय सीमा के अंदर पूरा करने का भी निर्देश दिया। रघुवर दास ने कहा कि विधवाओं के लिए विधवा पेंशन और अंबेडकर आवास को पूरी संवेदनशीलता के साथ पूरा किया जाना चाहिए।

    वहीं, मुख्यमंत्री ने आदिम जनजातीय गांव में पेयजल की सुविधा उपलब्ध कराने हेतु अगले 4 महीने में मिशन मोड में कार्य पूरा करने का निर्देश दिया। मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री आवास योजना में तथा अन्य सरकारी योजनाओं में किसी भी प्रकार से बिचौलिये को हावी ना होने देने की बात कही। उन्होंने कहा कि जनता के लिए किए जा रहे किसी कार्य में राशि बाधा नहीं बनेगी।

    इसके अलावा मुख्यमंत्री ने बासुकी अगरबत्ती के निर्माण को प्रोफेशनल तरीके से चलाने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि इसकी अधिक से अधिक डिमांड हो, जिससे उत्पादन बढ़े और उत्पादन में लगी गरीब महिलाओं की आय बढ़े।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि दुमका में मयूराक्षी सिल्क के लिए प्रति वर्ष 11 करोड़ कोकून उत्पादन हो और कोकून बैंक बने। इसके लिए उद्योग सचिव आकर जायजा लेंगे और तुरत प्रस्ताव देंगे। वहीं, उन्होंने कहा कि 11 दिसम्बर 2018 को मंत्रिपरिषद की बैठक दुमका के मसानजोर में होगी। दुमका के उपायुक्त इसकी तैयारी कर लें। बैठक में समाज कल्याण मंत्री डॉ लुईस मराण्डी, दुमका के उपायुक्त, एसपी, डीडीसी तथा अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।