जनचौपाल में मुख्यमंत्री का ग्रामीणों से संवाद, अब विकास से होती झारखण्ड की पहचान


    दुमका के रामगढ़ प्रखंड के सुसुनिया पंचायत के कड़बिंधा गांव में मुख्यमंत्री रघुवर दास ने जनचौपाल के माध्यम से ग्रामीणों के साथ संवाद किया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने सबसे पहले मातृ शक्ति को नमन किया। उन्होंने कहा कि देश की आजादी के 67 वर्षों में भी जरूरी मूलभूत सुविधाएं आम लोगों तक नहीं पहुंच पाई थी। पिछले 4 वर्षों में सरकार ने बिजली, शिक्षा, स्वास्थ्य और सड़क जैसे विकास के काम किए हैं, जिससे लोगों का सरकार के प्रति एक विश्वास बना है। सरकार और लोगों के बीच विश्वास बना रहे, उसी विश्वास को जोड़ने के लिए यह आयोजन आप सभी के बीच किया गया है। सरकार अकेले विकास का कार्य नहीं कर सकती है। जन सहभागिता से ही विकास के कार्य धरातल पर दिखाई देते हैं।

     मुख्यमंत्री रघुवर दास ने कहा कि संथाल के वीर सिदो- कान्हू, चांद भैरव,फूलो झानो ने जो सपना देखा तो, उसे पूरा करने का कार्य सरकार कर रही है। गरीब व्यक्ति भी पूरी गरिमा के साथ अपना जीवन यापन करें। इस दिशा में सरकार ने काम किया है। अपनी सरकार और केन्द्र सरकार की तारीफ करते हुए मुख्यमंत्री रघुवर दास ने कहा कि पहली बार केंद्र तथा उनकी सरकार ने मिलकर महिलाओं को सम्मान देने का काम किया है। प्रधानमंत्री आवास योजना, हर घर शौचालय, बिजली, सिंचाई जैसी सुविधाओं गरीबों तक पहुंची है। सरकार ने आम लोगों के दर्द को समझा है। गरीबों के चेहरे पर मुस्कान लाना तथा सरकार की हर जनकल्याण कल्याणकारी योजना को समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना प्रधानमंत्री  नरेंद्र मोदी जी का संकल्प है। जिस उद्देश्य के साथ झारखण्ड राज्य का गठन हुआ था, वर्तमान सरकार ने पिछले 4 वर्षों में विकास के कार्य कर इस उद्देश्य को पूरा करने का कार्य किया है। आज झारखण्ड की पहचान एक सर्वश्रेष्ठ राज्य के रूप में पूरे देश में हो रही है। अब झारखण्ड की पहचान विकास के नाम पर होती है।

    मुख्यमंत्री रघुवर दास ने कहा कि चार वर्ष पूर्व सिर्फ 18 प्रतिशत घरों में ही शौचालय था, लेकिन इन 4 वर्षों में जल सहिया, सखी मंडल की बहनों की कारण हर गरीब के घर में आज शौचालय बन चुका है। माननीय प्रधानमंत्री का सपना था कि बापू की 150वीं जयंती के अवसर पर हम उन्हें एक स्वच्छ भारत सौंपे, लेकिन झारखण्ड ने यह कार्य पहले ही कर दिखाया है। उन्होंने कहा कि झारखण्ड पहला ऐसा राज्य है, जहां की दीदीयों को ट्रेनिंग देकर रानी मिस्त्री बनाया गया। झारखण्ड को अभी विकास के कई और अध्याय लिखने हैं, लेकिन यह तभी सफल हो सकेगा जब आप सब आगे आएंगे।  आप सब जागरूक होकर सरकार के विकास कार्यों में कदम से कदम मिलाकर चलेंगे।

    ग्रामीणों से संवाद के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2013-14 में कृषि विकास दर -4.5 प्रतिशत थी, जो आज 4 वर्ष में बढ़कर 14 प्रतिशत हो गया है। झारखण्ड के लोगों में कार्य करने की क्षमता में कोई कमी नहीं है। आपके सहयोग से निश्चित रूप से झारखण्ड की तकदीर बदलेगी। आने वाले वर्षों में बेहतर झारखण्ड, श्रेष्ठ झारखण्ड बनेगा। रघुवर दास ने कहा कि नारे और वादों से गरीबी समाप्त नहीं होगी। कुछ लोग जनता को गुमराह करने का कार्य कर रहे हैं। यह सरकार आप की सरकार है। आप के दर्द को समझती है।

    उन्होंने कहा कि माननीय प्रधानमंत्री जी का संकल्प है कि हर घर तक बिजली पहुंचाना है। वर्तमान सरकार माननीय प्रधानमंत्री के संकल्प को पूरा करने का कार्य कर रही है। हर घर तक बिजली पहुंचाने के लिए सरकार कृत संकल्पित है। वर्तमान सरकार गरीब बच्चों को शिक्षित करने के संकल्प के साथ कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि मैं आपसे यह वादा करता हूं कि बहुत जल्द सभी घरों में बिजली पहुंच जाएगी। आपकी सरकार ने 4 वर्षों में बिजली के साथ अन्य क्षेत्रों में भी कई कार्य किए हैं। 2019 तक शहर ही नहीं, गांव में भी 24×7 बिजली आपको मिलेगी। यह मैं आपसे वादा करता हूं। 80 ग्रिड और 257 सबस्टेशन के निर्माण का कार्य चल रहा है। कार्य समाप्त होते ही निर्बाध रुप से बिजली मिलना प्रारंभ हो जाएगा। जनवरी 2019 से किसानों के लिए अलग फीडर की व्यवस्था की गई है, ताकि हमारे किसान भाईयों को निर्बाध रुप से बिजली मिल सके। कृषि, उद्योग तथा आम जनों के लिए तीन अलग अलग फीडर बनाए जाएंगे।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि 2022 तक हर घर में पाइप लाइन के माध्यम से शुद्ध पेयजल पहुंचाने के लिए काम किया जा रहा है। अब हमारी माताओं- बहनों को पानी लाने के लिए कहीं दूर नहीं जाना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि मैं मजदूरी करके आया हूं, मैंने गरीबी देखी है। राज्य के गरीबों के चेहरे पर मुस्कान लाने की मजदूरी कर रहा हूं। समृद्ध राज्य से गरीबी को समाप्त करने का कार्य सरकार द्वारा किया जा रहा है और यह कार्य आप सभी के सहयोग से हो पाएगा।

    रघुवर दास ने कहा कि राज्य के विकास में महिलाओं का योगदान महत्वपूर्ण है। नारी शक्ति को राज्य की शक्ति बनाने की जरूरत है। सरकार महिला सशक्तिकरण की दिशा में कई कार्य कर रही है। एक रुपए में 50 लाख की संपत्ति, अब हमारी माताएं-बहनें अपने नाम से रजिस्ट्री करा सकती हैं। आज से पूर्व इसी संपत्ति को रजिस्ट्री कराने में लगभग तीन लाख रु0 तक खर्च होते थे। उन्होंने कहा कि झारखण्ड देश का पहला ऐसा राज्य है, जहां एक रुपए में महिलाओं के लिए रजिस्ट्री की सुविधा उपलब्ध है। अब तक एक लाख बारह हजार माताओं और बहनों ने एक रुपए में संपत्ति की रजिस्ट्री की है। केंद्र सरकार द्वारा ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ अभियान पूरे देश में चलाया जा रहा है। वहीं राज्य सरकार द्वारा ‘पहले पढ़ाई, फिर विदाई’ का अभियान अब दिखने लगा है।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार जनवरी 2019 से मुख्यमंत्री सुकन्या योजना की शुरुआत करने जा रही है। इस योजना के माध्यम से बेटी के जन्म होते ही सीधे लाभुक के खाते पर डीबीटी के माध्यम से पैसे भेज दिए जाएंगे।  पहली क्लास में नामांकन के बाद सरकार प्रोत्साहन राशि देगी। छठी क्लास में नामांकन के बाद सरकार प्रोत्साहन राशि देगी । ड्रॉपआउट रोकने के लिए कक्षा 9 तथा कक्षा 11 में प्रवेश पर सरकार प्रोत्साहन राशि देगी। इसके साथ ही 18 वर्ष होने के बाद अगर बेटी अविवाहित रहेगी, तब शादी के समय फिर सरकार प्रोत्साहन राशि सीधे उनके खाते में भेजेगी। इस योजना के माध्यम से सरकार हमारे राज्य की बेटियां शिक्षित एवं सशक्त बनेंगी। नारी शक्ति को सशक्त बनाना हमारे सरकार की सोच है।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि संथाल परगना में गरीबी को खत्म करने के लिए कृषि को उद्योग के रूप में विकसित करना होगा। उन्होंने कहा कि राज्य के किसान इजरायल जाकर वहां की तकनीकी को सीखने का काम कर रहे हैं। सरकार बहुत जल्द फिर 100 किसानों को इसरायल भेजने जा रही है, जिसमें महिला कृषक भी होंगी। ड्रिप इरिगेशन जैसी तकनीकी सीखकर हमारे किसान भाई कम लागत में अधिक उत्पादन कर सकेंगे।

    मुख्यमंत्री रघुवर दास ने कहा कि आज पूरे देश में ऑर्गेनिक प्रोडक्ट की मांग है। किस भी दिशा में आप सभी कार्य करें, आपके प्रोडक्ट की मार्केटिंग का कार्य सरकार करेगी। पिछले दिनों रांची में आयोजित ग्लोबल एग्रीकल्चर एंड फूड समिट में योग गुरु बाबा रामदेव ने घोषणा की थी, जितने भी ऑर्गेनिक मधु का उत्पादन झारखण्ड में होग। उस उत्पादन को पतंजलि खरीद लेगी। हर जिले में ऑर्गेनिक क्लस्टर बनाया जाएगा। किसानों की आय दुगुनी हो, यह हमारे माननीय प्रधानमंत्री का संकल्प है। बहुत जल्द हर जिले में कृषि वैज्ञानिक तथा कृषि क्षेत्र के विशेषज्ञ आएंगे तथा आप सभी के बीच आकर आपको प्रशिक्षित करने का कार्य करेंगे। उनके द्वारा आप सभी किसान भाइयों को जल के एक एक बूंद के महत्व को समझाया जाएगा। उन्होंने कहा सरकार द्वारा ग्रीन रिवॉल्यूशनरी कंपनी खोलने का कार्य किया जा रहा है, ताकि कृषि क्षेत्र में आप सभी सभी किसान भाई एक मुकाम हासिल कर सकें। कृषि को उद्योग का दर्जा देते हुए हर इंसान के चेहरे पर खुशी लाना हमारी जिम्मेदारी है।

    रघुवर दास ने कहा कि 12 से 13 हजार करोड़ का दूध राज्य में बाहर से आता है। अगर यह पैसा राज्य में आ जाये तो बदलाव और आर्थिक संपन्नता आएगी। राज्य के युवा दूध उत्पादन में आगे आएं, उन्हें 50 प्रतिशत अनुदान पर गाय उपलब्ध कराया जाएगा। उत्पादित दूध मिल्क फेडरेशन सोसाइटी द्वारा खरीद लेगा। राज्य की महिलाओं को भी 90 प्रतिशत अनुदान पर गाय उपलब्ध कराया जा रहा है, ताकि राज्य में दूध की कमी को पूरा किया जा सके।

    जन चौपाल के दौरान एक महिला ने कहा कि बच्चों को पढ़ाई के लिए दुमका भेजना पड़ता है। स्कूल में शिक्षक नहीं हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि 18 हजार शिक्षकों की नियुक्ति हुई है। मॉडल स्कूल और हाई स्कूल में इन शिक्षकों को नियुक्त किया जाएगा, ताकि बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्राप्त हो सके। जन चौपाल में एक महिला गुड्डी देवी ने बताया कि उसका बच्चा कमलेश राय दिव्यांग है। इलाज में परेशानी हो रही है। इस पर मुख्यमंत्री ने कहा कि आप अपने बच्चा का इलाज कराएं, इसके लिए मुख्यमंत्री विवेकाधीन कोष से एक लाख आपको दिया जाएगा। दो दिन के अंदर आपको रुपये उपलब्ध करा दिया जाएगा। इतना सुनते ही भावविभोर महिला ने कहा कि आज दिव्यांग दिवस पर आर्थिक मदद पाकर मैं खुश हूं। एक अन्य महिला ने भी बताया कि उसका 14 साल का बच्चा बोल नहीं पाता है। इस पर मुख्यमंत्री ने कहा कि उपायुक्त महोदय अस्पताल में बच्चे का इलाज करा दें। जरूरत हुई तो किसी विशेषज्ञ से भी इलाज कराएं। राज्य सरकार दिव्यांगों के कल्याण हेतु 2 करोड़ रुपये का उपबंध कर रही है। प्रखंड स्तर पर शिविर का आयोजन कर दिव्यांगों की पहचान कर उन्हें लाभ दिया जाएगा।

    रामगढ़ की रोशनी मुर्मू ने कहा कि गांव में अस्पताल है, लेकिन चिकित्सक की कमी है। इसपर मुख्यमंत्री ने कहा कि 67 साल में 3 मेडिकल कॉलेज थे। मात्र अब 4 साल में राज्य सरकार ने 5 मेडिकल कॉलेज के निर्माण की नींव रखी गई। अब जहां पहले 300 चिकित्सक तैयार होते थे, अब 1200 चिकित्सक तैयार होंगे। चिकित्सकों की कमी दूर कर दी जाएगी। आयुष्मान भारत के तहत कोई भी लाभुक परिवार को एक वर्ष के लिए पांच लाख तक का स्वास्थ्य बीमा सरकार दे रही है। चौपाल में एक कृषक ने कहा कि उसके प्रखंड में सुखाड़ है। उसके फसल की भरपाई कैसे होगी। इसपर मुख्यमंत्री ने कहा कि संथाल परगना सुखाड़ घोषित हो चुका है। राज्य सरकार 800 करोड़ सुखाड़ पर खर्च करेगी। इसके साथ ही फसल बीमा का पैसा लाभुक के अकाउंट में डीबीटी के माध्यम से दिया जाएगा। 5 हजार तालाब का निर्माण होगा, ताकि जल संचयन भी हो सके।

    नशे को समाज का कोढ़ बताते हुए उन्होंने इसे खत्म करने के लिए महिला शक्ति से इस दिशा में कार्य करने के लिए कहा। मुख्यमंत्री ने कहा कि जन चौपाल के माध्यम से हम आपको जागरुक करने के लिए आए हैं, ताकि सरकार की योजनाओं का लाभ लेने में भ्रष्टाचार और बिचैलियों को खत्म हो जाएं। जागरूकता ही सभी समस्याओं का समाधान है। हम सभी को अपनी सोच बदलने की जरूरत है, तभी झारखण्ड भी बदलेगा।